जयपुर में रोडवेज कर्मचारियों का जोरदार प्रदर्शन, वीडियो में देंखे निजीकरण समेत कई मांगों को लेकर रैली और धरना
राजस्थान रोडवेज के सेवारत और सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने गुरुवार को निजीकरण और अन्य लंबित मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने जयपुर डिपो से रोडवेज मुख्यालय तक रैली निकालकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठ गए।प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में कर्मचारी एकजुट होकर सड़कों पर उतरे और विभागीय नीतियों के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया। कर्मचारियों का कहना है कि मौजूदा व्यवस्था में उन पर काम का अत्यधिक दबाव है, जबकि सुविधाओं और भुगतान में लगातार अनदेखी की जा रही है।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि उनसे 12 से 15 घंटे तक काम कराया जा रहा है, लेकिन ओवरटाइम का भुगतान समय पर नहीं दिया जा रहा है। इससे कर्मचारियों में भारी असंतोष है।कर्मचारियों ने यह भी आरोप लगाया कि विभाग में धीरे-धीरे निजीकरण को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे स्थायी कर्मचारियों के भविष्य पर संकट मंडरा रहा है। उनका कहना है कि यदि यही नीति जारी रही तो रोजगार और सेवा सुरक्षा दोनों प्रभावित होंगे।
प्रदर्शनकारियों ने सरकार से मांग की कि रोडवेज में नई बसों की खरीद की जाए, रिक्त पदों पर जल्द भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाए और लंबे समय से लंबित मांगों का शीघ्र समाधान किया जाए। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द ध्यान नहीं दिया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।धरना-प्रदर्शन के चलते रोडवेज मुख्यालय के बाहर कुछ समय के लिए माहौल तनावपूर्ण रहा, हालांकि प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए निगरानी बढ़ा दी। फिलहाल कर्मचारी संगठनों और विभागीय अधिकारियों के बीच वार्ता की संभावना जताई जा रही है, ताकि मामले का समाधान निकाला जा सके और परिवहन व्यवस्था प्रभावित न हो।