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कान्स 2026 रेड कारपेट पर राजस्थान की छाप, वीडियो में जाने घूंघट में रुचि गुर्जर का अनोखा विरोध बना चर्चा का केंद्र

 

79वें कान्स फिल्म फेस्टिवल के रेड कारपेट पर इस बार भारत की संस्कृति और सामाजिक संदेश का अनोखा संगम देखने को मिला, जब जयपुर की बेटी और बॉलीवुड अभिनेत्री रुचि गुर्जर अपने खास अंदाज में वहां पहुंचीं और पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींच लिया।रुचि गुर्जर इस बार गुलाबी रंग के शाही लहंगे, पारंपरिक राजस्थानी गहनों, चूड़ियों और चेहरे को ढकते पारदर्शी घूंघट के साथ रेड कारपेट पर नजर आईं। उनका यह पारंपरिक लेकिन संदेशपूर्ण लुक सोशल मीडिया से लेकर अंतरराष्ट्रीय मीडिया तक चर्चा का विषय बन गया।

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सबसे खास बात यह रही कि रुचि ने अपने इस लुक को केवल फैशन के रूप में नहीं, बल्कि एक सामाजिक संदेश के तौर पर पेश किया। उन्होंने घूंघट प्रथा और महिलाओं की पहचान को लेकर एक मजबूत स्टेटमेंट दिया। सोशल मीडिया पर उन्होंने लिखा— “मेरा घूंघट चुप्पी नहीं, विरोध है।”उनकी इस पोस्ट ने तुरंत लोगों का ध्यान खींचा और बहस छेड़ दी कि यह परंपरा, पहचान और स्वतंत्रता के बीच संतुलन को कैसे दर्शाता है। कई लोगों ने इसे महिलाओं की आजादी और आत्मसम्मान के समर्थन में एक सशक्त प्रतीक बताया।

रेड कारपेट पर जब रुचि गुर्जर चलीं, तो उनका आत्मविश्वास और पारंपरिक राजस्थानी अंदाज हर किसी के लिए आकर्षण का केंद्र बन गया। कैमरों की फ्लैश लाइट्स लगातार उन पर टिक गईं और उनका यह लुक कान्स फेस्टिवल के सबसे चर्चित पलों में शामिल हो गया।रुचि का यह प्रयास सिर्फ एक फैशन स्टेटमेंट नहीं था, बल्कि उन्होंने सदियों पुरानी जबरन घूंघट प्रथा के खिलाफ आवाज उठाते हुए महिलाओं की स्वतंत्रता, समानता और आत्मसम्मान का संदेश देने की कोशिश की।

उनके इस कदम को लेकर सोशल मीडिया पर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। जहां कई लोग इसे सशक्त और प्रेरणादायक बता रहे हैं, वहीं कुछ लोग इसे परंपरा और आधुनिक सोच के बीच बहस का विषय मान रहे हैं। कुल मिलाकर, कान्स फिल्म फेस्टिवल के इस वर्ष के रेड कारपेट पर रुचि गुर्जर का यह अनोखा अंदाज भारतीय संस्कृति, परंपरा और सामाजिक संदेश का एक ऐसा मेल बन गया है, जिसने वैश्विक मंच पर एक अलग पहचान बनाई है।