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राजस्थान पुलिस की नई पहल ‘मिशन सेफर रोड’, वीडियो में जाने QR कोड स्कैन करते ही दिखेंगे हाईवे के एक्सीडेंट ब्लैक स्पॉट

 

राजस्थान में हाईवे पर लगातार बढ़ रहे सड़क हादसों को रोकने के लिए पुलिस ने नई तकनीक का सहारा लिया है। सड़क सुरक्षा को मजबूत बनाने के उद्देश्य से ‘मिशन सेफर रोड’ पहल शुरू की गई है। इसके तहत पुलिस ने एक विशेष QR कोड जारी किया है, जिसे स्कैन करते ही हाईवे के खतरनाक एक्सीडेंट ब्लैक स्पॉट गूगल मैप पर दिखाई देने लगेंगे।यह सुविधा खास तौर पर जयपुर से गुजरने वाले चार प्रमुख नेशनल हाईवे—दिल्ली, सीकर, अजमेर और आगरा रूट के लिए शुरू की गई है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, इन हाईवे पर ऐसे कई स्थान चिन्हित किए गए हैं जहां सबसे ज्यादा सड़क हादसे होते हैं। अब ड्राइवर सफर शुरू करने से पहले या यात्रा के दौरान QR कोड स्कैन करके इन ब्लैक स्पॉट की जानकारी आसानी से हासिल कर सकेंगे।

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पुलिस के अनुसार, QR कोड स्कैन करने के बाद गूगल मैप पर एक्सीडेंट स्पॉट की लोकेशन दिखाई देगी। इसके साथ ही ड्राइविंग के दौरान जैसे-जैसे वाहन ब्लैक स्पॉट के करीब पहुंचेगा, उस स्थान की दूरी भी स्क्रीन पर दिखने लगेगी। इससे ड्राइवर पहले से सतर्क हो सकेगा और वाहन की गति नियंत्रित कर पाएगा।अधिकारियों का कहना है कि कई बार ड्राइवरों को यह जानकारी नहीं होती कि आगे का रास्ता दुर्घटना संभावित क्षेत्र है। अचानक मोड़, खराब सड़क, ज्यादा ट्रैफिक या गलत कट जैसे कारण हादसों की वजह बनते हैं। नई तकनीक के जरिए ड्राइवरों को पहले ही अलर्ट देकर दुर्घटनाओं में कमी लाने का प्रयास किया जा रहा है।

‘मिशन सेफर रोड’ के तहत पुलिस सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान भी चला रही है। हाईवे किनारे लगे बोर्ड और सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को QR कोड इस्तेमाल करने की जानकारी दी जा रही है।विशेषज्ञों का मानना है कि तकनीक आधारित यह पहल सड़क सुरक्षा के क्षेत्र में बड़ा बदलाव ला सकती है। यदि ड्राइवर समय रहते सतर्क हो जाएं तो कई गंभीर हादसों को टाला जा सकता है। राजस्थान पुलिस का कहना है कि आने वाले समय में इस सुविधा का विस्तार प्रदेश के अन्य हाईवे और प्रमुख मार्गों पर भी किया जाएगा, ताकि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके और यात्राएं अधिक सुरक्षित बन सकें।