दो मिनट के वीडियो में देंखे शादी और ठगी के नाम पर अंतरराज्यीय गिरोह का जयपुर पुलिस ने भंडाफोड़
शादी के नाम पर युवतियों की खरीद-फरोख्त और कुंवारे युवकों से ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। पुलिस मुख्यालय की सीआईडी अपराध शाखा ने यह कार्रवाई की और मुख्य आरोपी भंवरलाल शर्मा को जयपुर के भांकरोटा क्षेत्र से गिरफ्तार किया। आरोपी पर 10 हजार रुपए का इनाम रखा गया था और वह दो साल से फरार चल रहा था।
पुलिस ने बताया कि गिरोह और इसका नेटवर्क कई राज्यों में फैला हुआ था, जिसमें कोलकाता, असम, बिहार, उत्तर प्रदेश और झारखंड शामिल हैं। जांच में सामने आया कि गिरोह गरीब युवतियों को शादी या रोजगार का झांसा देकर राजस्थान लाता था। इसके बाद इन युवतियों को पश्चिमी राजस्थान के कुंवारे युवकों से मोटी रकम लेकर फर्जी शादी के नाम पर सौंपा जाता था।
सीआईडी अपराध शाखा के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि गिरोह की यह रणनीति लंबे समय से चल रही थी और विभिन्न राज्यों से जुड़े नेटवर्क के माध्यम से इसे अंजाम दिया जाता था। उन्होंने कहा कि गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ में गिरोह के अन्य सदस्यों और उनके सक्रिय नेटवर्क का पता लगाने की कोशिश की जा रही है।
पुलिस ने बताया कि भंवरलाल शर्मा के गिरोह द्वारा कई लड़कियों और युवकों को ठगा गया है। युवकों से मोटी रकम लेकर फर्जी शादियों का खेल खेला जाता था, जबकि लड़कियों को रोजगार का झांसा देकर उनके साथ भी धोखाधड़ी की जाती थी।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे गिरोह समाज में सुरक्षा और कानून व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा हैं। ये गिरोह न केवल व्यक्तिगत नुकसान करते हैं, बल्कि सामाजिक और नैतिक मूल्यों को भी प्रभावित करते हैं। अधिकारियों का कहना है कि इस गिरफ्तारी के बाद अन्य संदिग्धों की भी तलाश तेज कर दी गई है और पूरे गिरोह का नेटवर्क उजागर करने की कार्रवाई जारी है।
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने जनता से अपील की है कि वे ऐसे किसी भी फर्जी शादी या रोजगार के झांसे के मामलों में सतर्क रहें और तुरंत पुलिस को सूचना दें। उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह के मामलों में समाज की जागरूकता और प्रशासनिक कार्रवाई दोनों बेहद महत्वपूर्ण हैं।
इस प्रकार, जयपुर पुलिस और सीआईडी अपराध शाखा की यह कार्रवाई अंतरराज्यीय अपराध और मानव तस्करी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के रूप में देखी जा रही है। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि भंवरलाल शर्मा के साथ गिरोह के अन्य सदस्य भी जल्द ही पकड़े जाएंगे और इस पूरे नेटवर्क को समाप्त करने के लिए कानूनी कार्रवाई की जाएगी।