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जयपुर में फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़, वीडियो में जाने ई-मित्र आईडी दिलाने के नाम पर साइबर ठगी; 9 आरोपी गिरफ्तार

 

Jaipur में ई-मित्र रिटेलर आईडी दिलाने के नाम पर लोगों से साइबर ठगी करने वाले एक संगठित कॉल सेंटर गिरोह का पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। संयुक्त कार्रवाई करते हुए पुलिस ने जगतपुरा स्थित एबीएस प्लाजा में चल रहे फर्जी कॉल सेंटर पर छापा मारकर 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वहीं मामले में एक नाबालिग को बाल सुधार गृह भेजा गया है।यह कार्रवाई सीएसटी, रामनगरिया थाना पुलिस और साइबर पुलिस की संयुक्त टीम ने की। पुलिस को सूचना मिली थी कि जगतपुरा इलाके में एक कॉल सेंटर के जरिए लोगों को ई-मित्र रिटेलर आईडी दिलाने का झांसा देकर ठगी की जा रही है। सूचना के आधार पर टीम ने एबीएस प्लाजा में छापा मारा, जहां बड़ी संख्या में युवक-युवतियां कॉलिंग गतिविधियों में शामिल मिले।

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प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी लोगों को फोन कर ई-मित्र रिटेलर आईडी जारी करवाने का दावा करते थे। इसके बदले प्रोसेसिंग फीस और अन्य चार्ज के नाम पर रकम वसूली जाती थी। पुलिस का मानना है कि गिरोह लंबे समय से साइबर ठगी की वारदातों को अंजाम दे रहा था।पुलिस ने मौके से 8 लैपटॉप, 9 मोबाइल फोन, 6 लैपटॉप चार्जर और अपराध में इस्तेमाल किया गया एक वाहन भी जब्त किया है। जब्त किए गए इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का डेटा खंगाला जा रहा है ताकि ठगी के नेटवर्क और संभावित पीड़ितों की जानकारी जुटाई जा सके।

मामले में गिरफ्तार आरोपियों को अदालत में पेश किया गया। कोर्ट ने 4 आरोपियों को पुलिस रिमांड पर भेज दिया है ताकि उनसे पूछताछ कर गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और ठगी के नेटवर्क का पता लगाया जा सके। वहीं 5 महिला आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।पुलिस अधिकारियों के मुताबिक जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि गिरोह ने अब तक कितने लोगों को निशाना बनाया और ठगी के जरिए कितनी रकम हासिल की। साइबर पुलिस बैंक खातों, मोबाइल रिकॉर्ड और डिजिटल ट्रांजैक्शन की भी जांच कर रही है।

विशेषज्ञों का कहना है कि हाल के वर्षों में सरकारी योजनाओं, ई-मित्र सेवाओं और ऑनलाइन आईडी के नाम पर साइबर ठगी के मामले तेजी से बढ़े हैं। ऐसे में लोगों को किसी भी अनजान कॉल या ऑनलाइन ऑफर पर भरोसा करने से पहले पूरी जांच-पड़ताल करनी चाहिए। फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क की तह तक पहुंचने की कोशिश में जुटी हुई है और संभावना जताई जा रही है कि पूछताछ में कई और खुलासे हो सकते हैं।