×

भरतपुर में चार साल बाद परिवार से मिला मजदूर गणेश, भावुक मिलन ने हर आंखों को छलकाया

 

भरतपुर में एक लंबी और प्रतीक्षात्मक कहानी को आखिरकार सुखद अंत मिला। चार साल से लापता मजदूर गणेश आखिरकार अपने परिवार के पास लौट आया। यह मिलन इतना भावुक था कि उपस्थित हर व्यक्ति की आंखों में आंसू आ गए।

गणेश, जो कि भरतपुर के एक छोटे से गाँव का रहने वाला है, चार साल पहले बेहतर रोज़गार की तलाश में शहर गया था। परिवार के अनुसार, वह अचानक संपर्क में नहीं रहा और उनकी कोई खबर नहीं मिली। यह अवधि उसके परिवार के लिए कठिन और तनावपूर्ण रही। माता-पिता और भाई-बहन हर रोज़ उसकी याद में बेचैनी महसूस करते रहे।

मंगलवार को स्थानीय प्रशासन और ग्रामीणों की मदद से गणेश का पता चला और उन्हें उनके घर लौटाया गया। जैसे ही गणेश अपने घर के गेट में प्रवेश किया, उसके माता-पिता और परिवारजन भावुक होकर उसे गले लगा लिया। उनके मिलन का दृश्य देखते ही बनता था। कई लोग, जो मौके पर मौजूद थे, भावुक होकर रो पड़े।

गणेश ने बताया कि चार साल के दौरान वह कई शहरों और राज्यों में मजदूरी करता रहा। कभी-कभी उसे अपने परिवार से संपर्क करने का अवसर नहीं मिला। लेकिन वह हमेशा अपने परिवार की चिंता करता रहा और उन्हें फिर से देखने की उम्मीद बनाए रखी।

स्थानीय अधिकारियों और ग्रामीणों ने कहा कि गणेश का सुरक्षित लौटना प्रशासन और समुदाय की सक्रियता का परिणाम है। उन्होंने यह भी बताया कि ऐसे मामलों में परिवार और स्थानीय प्रशासन के सहयोग से लोगों की सुरक्षा और मिलन सुनिश्चित किया जा सकता है।

इस मिलन ने पूरे गाँव को खुशी और राहत की भावना से भर दिया। गणेश के छोटे भाई ने कहा, “चार साल का इंतजार अब खत्म हो गया। भाई के लौटने से हमारे घर में खुशियों की बहार है। हम भगवान का धन्यवाद करते हैं।”

समाज और मीडिया के लिए यह घटना एक प्रेरणा भी बनी है। यह दिखाता है कि कठिनाइयों और दूरियों के बावजूद परिवार की उम्मीद और मिलन की चाह हमेशा जीवित रहती है। स्थानीय लोगों ने गणेश और उसके परिवार को शुभकामनाएँ दी हैं और उनके भावुक मिलन का वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हो गया।

विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मामलों में स्थानीय प्रशासन, पुलिस और समुदाय का सक्रिय सहयोग बेहद महत्वपूर्ण होता है। इसके अलावा यह घटना सामाजिक जागरूकता बढ़ाने में मदद करती है कि लापता व्यक्तियों के परिवारों को मानसिक और भावनात्मक समर्थन प्रदान किया जाए।