Aligarh चौराहे से 50 लाख की केबिल चुराने वाले दबोचे,थाना बन्नादेवी क्षेत्र में बेखौफ चोरों ने पुलिस को ठेंगा दिखाते हुए मुख्य चौराहे पर रखी 50 लाख रुपये की केबिल को चोरी
उत्तरप्रदेश न्यूज़ डेस्क थाना बन्नादेवी क्षेत्र में बेखौफ चोरों ने पुलिस को ठेंगा दिखाते हुए मुख्य चौराहे पर रखी 50 लाख रुपये की केबिल को चोरी कर लिया था. पुलिस ने वारदात का खुलासा करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है. इनमें बुलंदशहर का वह कारोबारी भी है, जिसने केबिल को खरीद था. वारदात में प्रयुक्त क्रेन व ट्रक भी बरामद कर लिया गया है.
सूत मिल चौराहा शहर के बड़े व व्यस्तम चौराहों में से एक है. नौ जून की सुबह करीब नौ बजे चौराहे की समीप प्रेमी पराठा वाला के बाहर स्मार्ट सिटी के लिए केबिल रखी थी. इस केबिल की कीमत करीब 50 लाख रुपये थी. लेकिन यह केबिल अचानक चोरी हो गई. वारदात के बाद नरेंद्र बिल्डर्स निवासी रमेश विहार ने थाने मं तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया. जिसमें कहा कि उनके तार के दो ड्रम अंडरग्राउंड केबिल डालने के लिए रखे हुए थे. नौ जून की सुबह केबिल के ड्रम को देखा तो वहां नहीं मिले. सीसीटीवी फुटेज देखने पर पता चला कि कैंटर नंबर यूपी 81 बीटी 9867 में क्रेन नंबर यूपी 86 टी 5089 से लोड करके अज्ञात व्यक्ति चोरी करके ले गये है. पुलिस ने अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की. पुलिस ने इसका खुलासा किया. एसपी सिटी कुलदीप गुनावत ने बताया कि इन्टीग्रेटेड कमाण्ड एंड कन्ट्रोल सेंटर टीम ने उक्त घटना के सम्बन्ध में त्वरित कार्यवाही करते हुये सीसीटीवी कैमरो के माध्यम से उक्त दोनों वाहनो का रजिस्ट्रेशन नम्बर ट्रेस कर लिया. जिसके आधार पर आरोपियों तक पहुंचकर खुलासा किया. छह आरोपियों को गिरफ्तार कर वारदात में इस्तेमाल किया गया ट्रक, क्रेन व चोरी किया गया माल भी बरामद कर लिया. पकड़े गये आरोपियेां में बुलंदशहर का वह कारोबारी भी शामिल है, जिसने चोरी का माल खरीदा था.
द्वितीय पुनीत द्विवेदी न बताया कि इस वारदात में सभी मध्यमवर्गीय घराने के लोग शामिल रहे. वारदात में जिस ट्रक का इस्तेमाल किया गया है, वह गाजियाबाद का ट्रांसपोर्टर है. क्रेन मालिक अलीगढ़ का रही रहने वाला है. जिस कारोबारी के गोदाम में केबल को बेचने के लिए रखा गया था, वह कारोबारी बुलंदशहर का रहने वाला है. सूत मिल चौराहे पर चोरों ने जिस 50 लाख रुपये की चोरी को अंजाम दिया था, वहां एक ओर थाना, दूसरी ओर चौकी व चौराहे पर भी हर समय पुलिस कर्मी तैनात रहते है. लेकिन उसके बाद भी बेखौफ चोरों ने वारदात को अजाम देकर पुलिस को खुली चुनौती दी. इस प्रकरण में के बाद थाना पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवालियां निशान लगाये जा रहे है. पुलिस का मुखबिर तंत्र भी पूरी तरह फेल रहा.
पुलिस के इस खुलासे में इंटीग्रेटिड कंट्रोल सेंटर की अहम भूमिका रही है. सेंटर के प्रभारी धीरेंद्र सिंह की टीम ने कई दिनों तक इस केस पर काम किया. जिसके बाद पुलिस को खुलासे में मदद मिली. इनके अलावा उपनिरीक्षक संजीव कुमार, उनि विनोद कुमार, राजेश मावी, अंकित कुमार रहे.
मुख्यारोपी अभी भी फरार, तलाश जारी
इस पूरे प्रकरण में मुख्यारोपी राधेश्याम बताया जा रहा है. यह अभी भी फरार है. पुलिस इसकी तलाश कर रही है. बताया जा रहा है कि राधे ठेकेदारी करता है. इसी ने अपने परिचितों को केबिल चोरी की योजना के बारे में बताया था.
प्रकरण में छह आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है. 50 लाख के मामले के साथ घटना में प्रयुक्त ट्रक व क्रेन भी बरामद कर ली गई है. कुलदीप गुनावत, एसपी सिटी
इनकी हुई गिरफ्तारी
● चन्द्रपाल पुत्र रामबाबू निवासी अकराबाद थाना अकराबाद जिला अलीगढ
● अंजीव पुत्र अशोक कुमार निवासी अकराबाद थाना अकराबाद जिला अलीगढ
● अजय पुत्र अशोक कुमार निवासी अकराबाद थाना अकराबाद जिला अलीगढ
● ललित अग्रवाल पुत्र स्व देवेन्द्र कुमार अग्रवाल निवासी सुभाष रोड थाना खुर्जा नगर जिला बुलन्दशहर
● हरेन्द्र सिह पुत्र स्व जगवीर सिह निवासी पांडव नगर आत्मास्टील तिराहा थाना कविनगर गाजियाबाद
● कुशलपाल सिह पुत्र राम सिह निवासी सिखारन थाना लोधा जिला अलीगढ
यह हुई बरामदगी
दो ड्रम अंडर ग्राउण्ड केबिल
एक हाईड्रा (क्रेन घटना में प्रयुक्त)
अलीगढ़ न्यूज़ डेस्क