Stock market Update: दिन के हाई से 372 अंक फिसला सेंसेक्स, इन वजहों से बाजार ने गंवाई शुरुआती बढ़त
भारतीय शेयर बाजार में कारोबार के दौरान उतार-चढ़ाव देखने को मिला। शुरुआती सत्र में मजबूत बढ़त के साथ खुलने के बाद सेंसेक्स और निफ्टी ने तेजी दर्ज की, लेकिन बाद में बाजार में बिकवाली हावी हो गई। सेंसेक्स दिन के ऊपरी स्तर से करीब 372 अंक तक फिसल गया और शुरुआती बढ़त का बड़ा हिस्सा गंवा दिया। निवेशकों की सतर्कता, वैश्विक संकेतों और कुछ प्रमुख शेयरों में मुनाफावसूली के चलते बाजार की रफ्तार कमजोर पड़ गई।
कारोबार के दौरान बीएसई का प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स एक समय मजबूत बढ़त के साथ अपने दिन के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया था। हालांकि, ऊपरी स्तरों पर निवेशकों ने मुनाफावसूली शुरू कर दी, जिसके बाद इंडेक्स में गिरावट देखने को मिली। वहीं, निफ्टी में भी इसी तरह का उतार-चढ़ाव रहा और यह शुरुआती तेजी को बरकरार रखने में कामयाब नहीं रहा।
आईटी और बैंकिंग शेयरों में दबाव
बाजार में गिरावट की प्रमुख वजहों में आईटी और बैंकिंग सेक्टर के कुछ बड़े शेयरों में बिकवाली रही। निवेशकों ने ऊंचे स्तरों पर मुनाफा निकालना शुरू किया, जिससे प्रमुख इंडेक्स पर दबाव बढ़ गया। बैंकिंग शेयरों में कमजोरी का असर बाजार की धारणा पर भी पड़ा।
इसके अलावा विदेशी निवेशकों की गतिविधियों और वैश्विक बाजारों के रुख ने भी घरेलू बाजार को प्रभावित किया। अमेरिकी बाजारों से मिले मिश्रित संकेतों और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आर्थिक चिंताओं के कारण निवेशकों ने सतर्क रुख अपनाया।
शुरुआती तेजी के बाद क्यों बदला बाजार का मूड
शेयर बाजार में शुरुआती तेजी के पीछे कई सकारात्मक संकेत थे। मजबूत घरेलू आर्थिक आंकड़ों, चुनिंदा कंपनियों के अच्छे प्रदर्शन और सकारात्मक वैश्विक संकेतों से निवेशकों का भरोसा बढ़ा था। लेकिन जैसे-जैसे कारोबार आगे बढ़ा, ऊंचे वैल्यूएशन वाले शेयरों में बिकवाली बढ़ने लगी।
विशेषज्ञों के मुताबिक, मौजूदा स्तरों पर निवेशक सतर्कता बरत रहे हैं और छोटी अवधि में बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। निवेशक अब आगामी आर्थिक आंकड़ों, कंपनियों के तिमाही नतीजों और वैश्विक बाजारों की दिशा पर नजर बनाए हुए हैं।
निवेशकों की नजर आगे के संकेतों पर
बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि भारतीय शेयर बाजार की लंबी अवधि की स्थिति अभी भी मजबूत बनी हुई है, लेकिन निकट अवधि में अस्थिरता देखने को मिल सकती है। निवेशकों को जल्दबाजी में फैसले लेने के बजाय मजबूत फंडामेंटल वाली कंपनियों पर ध्यान देना चाहिए।
दिन के कारोबार में सेंसेक्स ने जहां एक समय अच्छी बढ़त बनाई, वहीं बाद में बिकवाली के दबाव में आकर अपनी अधिकांश बढ़त गंवा दी। अब बाजार की अगली दिशा वैश्विक संकेतों, विदेशी निवेशकों की गतिविधियों और घरेलू आर्थिक आंकड़ों से तय होगी।