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Petrol Diesel Price Today: क्रूड ऑयल 100 डॉलर के करीब, फिर भी नहीं बदले पेट्रोल-डीजल के दाम
 

 

देशभर में आज यानी 9 सितंबर 2026 को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दाम लगातार ऊपर जा रहे हैं और ब्रेंट क्रूड करीब 100 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर पहुंच गया है। इसके बावजूद सरकारी तेल कंपनियों ने घरेलू बाजार में पेट्रोल-डीजल की कीमतों को स्थिर रखा है।

अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के साथ वैश्विक स्तर पर तेल की सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ी है। होर्मुज क्षेत्र के आसपास टैंकरों पर हमलों की खबरों के बीच अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी देखी जा रही है।

Crude Oil Price Today: 100 डॉलर के करीब पहुंचा ब्रेंट
9 सितंबर को अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड करीब 99.29 से 99.40 डॉलर प्रति बैरल के आसपास कारोबार करता नजर आया। पिछले कारोबारी सत्र में भी ब्रेंट क्रूड कुछ समय के लिए 99 डॉलर प्रति बैरल के पार चला गया था।

वहीं अमेरिकी बेंचमार्क WTI क्रूड की कीमत करीब 94.24 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बनी हुई है। कच्चे तेल की कीमतों में यह तेजी मुख्य रूप से पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और संभावित सप्लाई बाधित होने की आशंकाओं से जुड़ी है।
दिल्ली से मुंबई तक आज के पेट्रोल-डीजल रेट
शहर    पेट्रोल (₹/लीटर)    डीजल (₹/लीटर)

Delhi    102.12    95.20
Mumbai    111.31    97.97
Kolkata    113.51    99.82
Chennai    107.78    99.56
Gurugram    102.97    95.94
Patna    113.35    99.36
Ranchi    106.12    100.49
Shimla    102.31    94.34
Gwalior    114.30    99.35
क्यों महंगा हो रहा है Crude Oil?
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों पर इस समय पश्चिम एशिया का तनाव सबसे बड़ा असर डाल रहा है। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़े तनाव और होर्मुज के आसपास तेल टैंकरों को लेकर पैदा हुई स्थिति ने बाजार में सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल शिपिंग रूट्स में से एक है। इस रास्ते से वैश्विक तेल आपूर्ति का करीब पांचवां हिस्सा गुजरता है। ऐसे में यहां जहाजों की आवाजाही प्रभावित होने की आशंका से दुनियाभर के बाजारों में तेल की कीमतों पर दबाव बढ़ जाता है।
जहाजों के लिए बढ़ी दूरी और लागत
क्षेत्र में तनाव बढ़ने के कारण कुछ जहाजों को वैकल्पिक समुद्री मार्ग अपनाने की जरूरत पड़ सकती है। ऐसे में अफ्रीका के दक्षिणी सिरे से होकर Cape of Good Hope के रास्ते माल ढुलाई की दूरी काफी बढ़ जाती है।
लंबे समुद्री रूट का सीधा असर परिवहन लागत, बीमा खर्च और डिलीवरी समय पर पड़ता है। यही वजह है कि कच्चे तेल की सप्लाई को लेकर थोड़ी भी चिंता अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों को तेजी से प्रभावित कर सकती है।
फिलहाल घरेलू बाजार में राहत
कच्चे तेल की कीमतों में तेजी के बावजूद आज भारतीय बाजार में पेट्रोल और डीजल के दाम स्थिर हैं। यानी दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई समेत प्रमुख शहरों में वाहन चालकों को आज ईंधन की कीमतों में कोई नया बदलाव नहीं देखने को मिला है।
हालांकि, अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी लंबे समय तक जारी रहती है और सप्लाई पर इसका असर पड़ता है, तो आने वाले दिनों में घरेलू ईंधन कीमतों पर भी बाजार की नजर बनी रहेगी।