Gold Price Surge: ईरान तनाव के बीच सोने-चांदी में जोरदार उछाल, निवेशकों का बढ़ा रुझान
मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव, खासकर ईरान से जुड़े भू-राजनीतिक घटनाक्रमों के बीच वैश्विक बाजारों में सोने और चांदी की कीमतों में तेजी देखने को मिल रही है। सुरक्षित निवेश (Safe Haven) माने जाने वाले सोने की ओर निवेशकों का रुझान बढ़ने से भारत से लेकर अमेरिका तक कीमतों में उछाल दर्ज किया गया है।
भारतीय वायदा बाजार में चमका सोना
भारत के वायदा बाजार में सोने की कीमत में 550 रुपये से अधिक की बढ़ोतरी देखने को मिली है। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय अनिश्चितता और सुरक्षित निवेश की मांग बढ़ने से कीमती धातुओं में खरीदारी तेज हुई है।
चांदी की कीमतों में भी मजबूती का रुख बना हुआ है, जिससे बुलियन बाजार में कारोबार बढ़ा है।
अमेरिकी बाजार में भी तेजी
अमेरिकी फ्यूचर मार्केट में सोने की कीमत करीब 32 डॉलर प्रति औंस तक बढ़ी है। निवेशकों की चिंता बढ़ने पर आमतौर पर पूंजी शेयर बाजारों और जोखिम वाले निवेश विकल्पों से निकलकर सोने जैसी सुरक्षित संपत्तियों की ओर जाती है, जिसका असर कीमतों पर दिखाई देता है।
क्यों बढ़ रही हैं सोने की कीमतें?
विशेषज्ञों के अनुसार सोने में तेजी के पीछे कई प्रमुख कारण हैं:
- मध्य पूर्व में बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव।
- वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता।
- सुरक्षित निवेश की बढ़ती मांग।
- डॉलर और बॉन्ड बाजार की गतिविधियां।
- केंद्रीय बैंकों की नीतियों पर नजर।
चांदी को भी मिला सहारा
सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी मजबूती देखी जा रही है। औद्योगिक उपयोग और निवेश मांग दोनों के कारण चांदी को समर्थन मिल रहा है। बाजार विश्लेषकों का मानना है कि यदि वैश्विक तनाव जारी रहता है तो कीमती धातुओं में उतार-चढ़ाव और बढ़ सकता है।
निवेशकों के लिए क्या है संकेत?
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे समय में निवेशकों को बाजार की चाल पर नजर रखनी चाहिए। सोने और चांदी में तेजी का रुख जारी रह सकता है, लेकिन वैश्विक घटनाक्रमों में बदलाव के साथ कीमतों में उतार-चढ़ाव भी संभव है।
आगे क्या?
मध्य पूर्व की स्थिति और अंतरराष्ट्रीय आर्थिक संकेतकों पर निवेशकों की नजर बनी हुई है। यदि तनाव और बढ़ता है तो सोने की मांग में और इजाफा देखने को मिल सकता है। वहीं स्थिति सामान्य होने पर बाजार में मुनाफावसूली भी देखने को मिल सकती है।
फिलहाल, ईरान से जुड़े तनाव ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि अनिश्चितता के दौर में सोना निवेशकों की पहली पसंद बना रहता है, जिसका असर इसकी कीमतों में साफ दिखाई दे रहा है।