Renault Triber Turbo Review: 100PS पावर के साथ बदली MPV की चाल, जानें कैसी है नई Triber
Renault Triber लंबे समय से अपनी स्पेस और प्रैक्टिकल डिजाइन के लिए जानी जाती है, लेकिन इसके पुराने इंजन की पावर को लेकर सवाल उठते रहे हैं। अब कंपनी ने Triber Turbo के साथ इस कमी को दूर करने की कोशिश की है। नई कार में 1.0 लीटर टर्बो पेट्रोल इंजन दिया गया है, जो 100PS की पावर और 180Nm का टॉर्क जनरेट करता है।
हालांकि, कंपनी ने सिर्फ इंजन में बदलाव नहीं किया है। बेहतर पावर को संभालने के लिए कार के स्ट्रक्चर, सस्पेंशन और ड्राइविंग डायनामिक्स में भी बदलाव किए गए हैं।
100PS और 180Nm का असर कितना महसूस होता है?
नई Triber Turbo को चलाते समय इसका अतिरिक्त टॉर्क सबसे पहले महसूस होता है। 180Nm टॉर्क मिलने की वजह से एक्सीलरेशन पहले के मुकाबले बेहतर लगता है और कार को गति पकड़ने में कम मेहनत करनी पड़ती है।
फिलहाल इसमें 5-स्पीड मैनुअल गियरबॉक्स का विकल्प मिलता है। गियरबॉक्स का सेटअप सामान्य ड्राइविंग के लिए आसान है और इंजन की अतिरिक्त पावर का इस्तेमाल भी आसानी से किया जा सकता है।
यात्रियों के साथ ड्राइविंग में ज्यादा फायदा
Triber जैसी कार में अक्सर ज्यादा यात्रियों और सामान के साथ इंजन पर अतिरिक्त भार पड़ता है। Turbo इंजन की खासियत ऐसे ही हालात में ज्यादा नजर आती है। हाईवे पर कई यात्रियों के साथ भी कार को रफ्तार बनाए रखने में ज्यादा परेशानी नहीं होती।
ओवरटेकिंग के दौरान मिलने वाला अतिरिक्त टॉर्क भी उपयोगी साबित होता है। शहर में भी पहले की तुलना में कार ज्यादा फुर्तीली महसूस होती है।
खराब सड़कों पर कैसा है सस्पेंशन?
Renault ने Turbo वर्जन के सस्पेंशन सेटअप में भी बदलाव किए हैं। खराब और ऊबड़-खाबड़ रास्तों पर सस्पेंशन कार को संभालने में मदद करता है। तेज रफ्तार पर भी कार की स्थिरता बनाए रखने पर ध्यान दिया गया है।
हालांकि, टर्बो पावरट्रेन के साथ कुछ कंपन महसूस हो सकती है। इसके बावजूद कुल मिलाकर ड्राइविंग एक्सपीरियंस में अतिरिक्त पावर का फायदा साफ दिखाई देता है।
माइलेज और ऑटोमैटिक गियरबॉक्स
Triber Turbo की दावा की गई माइलेज 21 kmpl है। वास्तविक परिस्थितियों में माइलेज ड्राइविंग स्टाइल, ट्रैफिक और सड़क की स्थिति के आधार पर अलग हो सकता है। कुछ परिस्थितियों में करीब 13-14 kmpl का माइलेज मिलने की उम्मीद बताई गई है।
फिलहाल Turbo मॉडल के साथ ऑटोमैटिक गियरबॉक्स उपलब्ध नहीं है। कंपनी के अनुसार भविष्य में ऑटोमैटिक विकल्प पेश किया जा सकता है।
स्ट्रक्चर में भी किए गए बदलाव
अधिक पावर वाले इंजन के अनुरूप Renault ने कार के स्ट्रक्चर में भी बदलाव किए हैं। Triber Turbo RGMP प्लेटफॉर्म पर आधारित है और इसमें कई स्ट्रक्चरल अपडेट किए गए हैं। इन बदलावों से भविष्य में अलग-अलग पावरट्रेन को शामिल करने की संभावनाएं भी बढ़ती हैं।
ज्यादा पावर चाहने वालों के लिए नया विकल्प
Triber Turbo में इंजन के साथ-साथ सस्पेंशन और स्ट्रक्चर में किए गए बदलाव इसे पुराने मॉडल से अलग बनाते हैं। खास बात यह है कि ज्यादा पावर वाले Turbo इंजन के लिए कीमत में बहुत बड़ा अंतर नहीं रखा गया है। ऐसे में जो खरीदार Triber की स्पेस और उपयोगिता के साथ बेहतर परफॉर्मेंस चाहते हैं, उनके लिए Turbo वर्जन एक नया विकल्प बनकर सामने आता है।