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Hanuman Ji Chola Niyam: मंगलवार शाम हनुमान जी को चोला चढ़ाने से पहले जान लें ये 3 नियम, तभी मिलेगा पूजा का पूर्ण फल

 

हिंदू धर्म में मंगलवार का दिन भगवान हनुमान जी को समर्पित माना जाता है। इस दिन भक्त बजरंगबली की पूजा-अर्चना, हनुमान चालीसा पाठ और सिंदूर का चोला अर्पित करते हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, हनुमान जी को चोला चढ़ाने से भक्तों की मनोकामनाएं पूरी होती हैं और जीवन की परेशानियां दूर होती हैं। हालांकि, चोला चढ़ाने से पहले कुछ नियमों का ध्यान रखना जरूरी माना जाता है।

मान्यता है कि विधि-विधान और श्रद्धा के साथ हनुमान जी को चोला अर्पित करने से पूजा का शुभ फल प्राप्त होता है। आइए जानते हैं मंगलवार शाम चोला चढ़ाने की सही विधि और जरूरी सावधानियां।

1. साफ-सफाई और शुद्धता का रखें ध्यान

हनुमान जी को चोला चढ़ाने से पहले शरीर और मन की शुद्धता का ध्यान रखना चाहिए। पूजा स्थल को साफ करें और स्नान करने के बाद स्वच्छ वस्त्र धारण करें। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, पूजा में पवित्रता और श्रद्धा का विशेष महत्व होता है।

2. चोला चढ़ाने की सामग्री सही रखें

हनुमान जी को चोला चढ़ाने के लिए सिंदूर, चमेली का तेल, वस्त्र और पूजा सामग्री का उपयोग किया जाता है। मान्यता है कि सिंदूर को चमेली के तेल में मिलाकर हनुमान जी को अर्पित करना शुभ होता है।

चोला चढ़ाते समय हनुमान जी का ध्यान करें और अपनी मनोकामना को श्रद्धापूर्वक उनके सामने रखें।

3. चोला चढ़ाने के बाद करें पाठ

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, हनुमान जी को चोला अर्पित करने के बाद हनुमान चालीसा, बजरंग बाण या सुंदरकांड का पाठ करना शुभ माना जाता है। इससे पूजा का महत्व बढ़ जाता है।

हनुमान जी को चोला चढ़ाने की विधि

  • मंगलवार या शनिवार के दिन हनुमान मंदिर जाएं।
  • भगवान हनुमान जी की प्रतिमा के सामने दीपक जलाएं।
  • सिंदूर और चमेली के तेल से चोला अर्पित करें।
  • फूल, प्रसाद और फल चढ़ाएं।
  • हनुमान चालीसा का पाठ करें और आरती करें।

हनुमान जी को सिंदूर चढ़ाने की कथा

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, एक बार माता सीता अपनी मांग में सिंदूर लगा रही थीं। हनुमान जी ने इसका कारण पूछा तो माता सीता ने बताया कि सिंदूर लगाने से भगवान श्रीराम की लंबी आयु और मंगल की कामना होती है। यह सुनकर हनुमान जी ने अपने पूरे शरीर पर सिंदूर लगा लिया, ताकि श्रीराम को हमेशा प्रसन्नता मिले। तभी से हनुमान जी को सिंदूर अर्पित करने की परंपरा चली आ रही है।

चोला चढ़ाते समय इन बातों का रखें ध्यान

  • बिना श्रद्धा और जल्दबाजी के पूजा न करें।
  • इस्तेमाल की गई या अशुद्ध सामग्री अर्पित करने से बचें।
  • हनुमान जी की पूजा में संयम और सकारात्मक भावना रखें।
  • मंदिर के नियमों का पालन करें।