टिकट भुगतान को लेकर यात्री और रेलवे कर्मचारी में विवाद, बीच स्टेशन पर उतारने का आरोप
ट्रेन में टिकट को लेकर एक यात्री और रेलवे कर्मचारी के बीच हुआ विवाद उस समय गंभीर हो गया, जब यात्री ने कर्मचारी पर निजी QR कोड के जरिए भुगतान कराने का आरोप लगाया। यात्री ने इसका विरोध करते हुए कहा कि सरकारी कर्मचारी को निजी QR कोड पर भुगतान नहीं लेना चाहिए।
आरोप है कि भुगतान के तरीके को लेकर दोनों के बीच बहस बढ़ गई। मामला इतना बढ़ा कि यात्री को कथित तौर पर बीच रास्ते में एक स्टेशन पर उतार दिया गया। यात्री का दावा है कि इस कार्रवाई में रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के जवान भी शामिल थे।
ट्रेन में टिकट को लेकर यात्री और रेलवे कर्मचारी के बीच बहस बहुत खतरनाक हो गई।
— सीतामढ़ी जिला 🇮🇳 (@SitamarhiJila) September 3, 2026
यात्री का आरोप है कि उससे पर्सनल QR कोड पर पेमेंट करने को कहा गया।
यात्री ने इसका विरोध करते हुए कहा कि सरकारी कर्मचारी पर्सनल QR कोड से भुगतान नहीं ले सकता।
इसके बाद विवाद बढ़ गया और आरोप है कि… pic.twitter.com/VrzpJQLaDB
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद रेलवे में यात्रियों से भुगतान लेने की प्रक्रिया और कर्मचारियों के अधिकारों को लेकर सवाल उठने लगे हैं। हालांकि, वायरल दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और संबंधित रेलवे कर्मचारी या RPF की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आना बाकी है।
इस मामले में सबसे अहम सवाल यही है कि क्या यात्री से निजी QR कोड के जरिए भुगतान मांगा गया था और यदि ऐसा हुआ, तो इसके लिए संबंधित कर्मचारी के पास क्या आधिकारिक अनुमति थी। रेलवे की जांच के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।