जूनागढ़ के लोक डायरो में ‘नोटों की बारिश’ से मचा हंगामा, भजन गायक जिग्नेश कविराज का वीडियो वायरल
गुजरात की सांस्कृतिक परंपरा का अहम हिस्सा माने जाने वाले ‘लोक डायरो’ (भजन और लोक संगीत कार्यक्रम) अक्सर भक्ति, संगीत और लोकभावना का संगम होते हैं। लेकिन इस बार Junagadh district में आयोजित एक भजन कार्यक्रम सोशल मीडिया पर चर्चा और विवाद दोनों का कारण बन गया है।
मशहूर भजन गायक Jignesh Kaviraj के कार्यक्रम का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें भक्ति में डूबे श्रद्धालुओं द्वारा मंच पर पैसों की भारी बारिश की जाती दिखाई दे रही है। कुछ ही क्षणों में स्थिति ऐसी बन जाती है कि गायक नोटों के ढेर के बीच लगभग ढक से जाते हैं, जबकि वह पूरी तन्मयता और भावनात्मक जुड़ाव के साथ भजन गाते रहते हैं।
वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि कार्यक्रम स्थल पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद हैं, जो संगीत और भक्ति के इस माहौल में पूरी तरह डूबे हुए हैं। जैसे-जैसे भजन की लय और ताल आगे बढ़ती है, दर्शकों का उत्साह भी बढ़ता जाता है और मंच पर नोटों की बारिश शुरू हो जाती है। यह दृश्य कुछ ही मिनटों में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया और लाखों लोगों तक पहुंच गया।
लोक डायरो को गुजरात में केवल एक संगीत कार्यक्रम नहीं बल्कि सांस्कृतिक और आध्यात्मिक परंपरा माना जाता है, जहां भजन गायक अपने गायन के माध्यम से भक्ति भाव जगाते हैं और श्रोता अपनी श्रद्धा के रूप में दान और सम्मान व्यक्त करते हैं। हालांकि इस बार का दृश्य अपने असामान्य और अत्यधिक रूप के कारण चर्चा में आ गया है।
सोशल मीडिया पर वीडियो सामने आने के बाद यूजर्स की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। कुछ लोग इसे कलाकार के प्रति श्रद्धा और सम्मान का प्रतीक बता रहे हैं, जबकि कुछ यूजर्स का कहना है कि इस तरह की “नोटों की बारिश” भक्ति की भावना से अधिक प्रदर्शन का रूप ले सकती है।
एक यूजर ने लिखा, “यह भक्ति है या दिखावा, समझना मुश्किल है।” वहीं दूसरे ने कहा, “कला और कलाकार का सम्मान जरूरी है, लेकिन संतुलन भी होना चाहिए।” कई लोगों ने भजन गायक की पेशेवर तन्मयता की सराहना करते हुए कहा कि नोटों की बारिश के बावजूद उनका ध्यान पूरी तरह संगीत पर केंद्रित रहा, जो काबिल-ए-तारीफ है।
विशेषज्ञों का मानना है कि लोक डायरो जैसे पारंपरिक आयोजनों में समय के साथ बदलाव देखने को मिला है, जहां अब सांस्कृतिक भावनाओं के साथ-साथ सोशल मीडिया प्रभाव भी जुड़ गया है। इसी कारण ऐसे दृश्य तेजी से वायरल होकर व्यापक चर्चा का विषय बन जाते हैं।
फिलहाल यह वीडियो लगातार सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर शेयर किया जा रहा है और ट्रेंडिंग में बना हुआ है। आयोजकों या संबंधित पक्षों की ओर से अभी तक इस घटना पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।