तलाक के बाद खुद से की शादी, फिर खुद को ही दे दिया तलाक! अनोखी कहानी ने सोशल मीडिया पर मचाई हलचल
। शादी को आमतौर पर दो लोगों के बीच जीवनभर साथ निभाने का रिश्ता माना जाता है, लेकिन सोशल मीडिया पर एक ऐसी अनोखी कहानी सामने आई है, जिसने लोगों को हैरान कर दिया है। एक महिला ने पहले खुद से शादी की और बाद में खुद को ही तलाक दे दिया। इस अजीबोगरीब मामले को लेकर सोशल मीडिया पर लोग तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।
पहले खुद से रचाई शादी
सोशल मीडिया पर सामने आई जानकारी के मुताबिक, महिला ने खुद से शादी यानी ‘सोलोगैमी’ का रास्ता चुना था। सोलोगैमी में व्यक्ति किसी दूसरे इंसान के बजाय खुद के साथ विवाह जैसी रस्में निभाता है। इसका मकसद खुद के प्रति प्रतिबद्धता, आत्मसम्मान और अपनी जिंदगी को अपनी शर्तों पर जीने का संदेश देना बताया जाता है।
महिला की कहानी इसलिए भी चर्चा में आई क्योंकि उसकी यात्रा यहीं खत्म नहीं हुई। कुछ समय बाद उसने खुद से किए गए इस विवाह को भी समाप्त करने का फैसला लिया और खुद को ही तलाक दे दिया।
तलाक के बाद खुद से शादी क्यों?
इस कहानी ने लोगों के मन में सबसे बड़ा सवाल यही खड़ा किया कि आखिर कोई व्यक्ति खुद से शादी करने और फिर खुद को तलाक देने जैसा फैसला क्यों करता है।
सोलोगैमी को लेकर अलग-अलग लोगों की अलग-अलग सोच है। कुछ लोग इसे आत्म-प्रेम और स्वतंत्रता का प्रतीक मानते हैं, जबकि कुछ इसे पारंपरिक विवाह व्यवस्था से अलग एक व्यक्तिगत अनुभव के तौर पर देखते हैं।
वायरल पोस्ट और वीडियो में महिला की कहानी को बेहद अनोखे अंदाज में पेश किया गया है। हालांकि, उपलब्ध सोशल मीडिया पोस्टों में घटना से जुड़ी सभी परिस्थितियों और महिला की पूरी पहचान की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
जैसे ही यह मामला सोशल मीडिया पर सामने आया, लोगों के बीच बहस शुरू हो गई। कुछ यूजर्स ने इसे आत्मनिर्भरता और खुद को प्राथमिकता देने का उदाहरण बताया। वहीं, कई लोगों ने सवाल किया कि जब शादी खुद से हुई थी तो तलाक की जरूरत क्यों पड़ी।
कुछ यूजर्स ने इसे बेहद अजीब फैसला बताया, जबकि अन्य लोगों ने कहा कि जब विवाह व्यक्ति की निजी पसंद है तो उसके खत्म करने का फैसला भी व्यक्तिगत हो सकता है।
‘सोलोगैमी’ पहले भी रह चुकी है चर्चा में
खुद से शादी करने का चलन पूरी तरह नया नहीं है। दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में लोग सोलोगैमी के जरिए खुद के प्रति प्रतिबद्धता जताते रहे हैं। हालांकि, खुद से शादी करने के बाद खुद को तलाक देने का मामला अपेक्षाकृत ज्यादा असामान्य होने के कारण लोगों का ध्यान खींच रहा है।
कानूनी नजरिए से भी ‘खुद से शादी’ पारंपरिक विवाह जैसी वैवाहिक स्थिति नहीं होती। इसलिए इसे लेकर सोशल मीडिया पर इस्तेमाल होने वाले ‘तलाक’ जैसे शब्द कई बार कानूनी तलाक के बजाय एक प्रतीकात्मक या व्यक्तिगत फैसले को दर्शाते हैं।
फिलहाल इस अनोखी कहानी ने सोशल मीडिया पर लोगों को सोचने और बहस करने का नया विषय जरूर दे दिया है। कोई इसे आत्म-प्रेम की मिसाल बता रहा है तो कोई इसे रिश्तों को देखने का बिल्कुल अलग नजरिया मान रहा है।