दो विदेशी लड़कियां 8-9 दिनों के लिए भारत घूमने आई थीं। दोनों दिल्ली की सैर कर रही थीं, लेकिन दिल्ली मेट्रो स्टेशन पर उनके साथ कुछ ऐसा हुआ, जिसने उन्हें डरा दिया और राजधानी में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए।बताए जा रहे घटनाक्रम के मुताबिक, मेट्रो स्टेशन पर कुछ लड़कों ने दोनों विदेशी लड़कियों को देखकर उनके शरीर पर भद्दे कमेंट करने शुरू कर दिए। लड़कियों ने पहले वहां से दूसरी तरफ जाने की कोशिश की, लेकिन आरोप है कि उन लड़कों ने उनका पीछा करते हुए उन्हें परेशान करना जारी रखा। जीरो फिगर को लेकर तंज कसने और अश्लील इशारे करने से दोनों लड़कियां काफी असहज और डरी हुई नजर आईं।
दो विदेशी लड़कियां 8-9 दिनों के लिए New Delhi घूमने आयी
— Pooja Yadav (@PoojaYa53979624) October 9, 2026
वो दोनों दिल्ली मेट्रो स्टेशन गयी वहां कुछ लड़के मिल गये
वो जाहिल गंदी नजरों से लड़कियों की body पर कमेंट करना शुरू किया दोनों वहां से दूसरी तरफ चली गयी
जाहिल नहीं माने बार- बार जीरो फीगर वाली,गंदे गन्दे इशारे कहकर… pic.twitter.com/9aitmnSe45
दो विदेशी लड़कियां 8-9 दिनों के लिए New Delhi घूमने आयी
— Pooja Yadav (@PoojaYa53979624) October 9, 2026
वो दोनों दिल्ली मेट्रो स्टेशन गयी वहां कुछ लड़के मिल गये
वो जाहिल गंदी नजरों से लड़कियों की body पर कमेंट करना शुरू किया दोनों वहां से दूसरी तरफ चली गयी
जाहिल नहीं माने बार- बार जीरो फीगर वाली,गंदे गन्दे इशारे कहकर… pic.twitter.com/9aitmnSe45
सबसे हैरान करने वाली बात यह बताई जा रही है कि जब लड़कियों ने पास से गुजर रहे एक दिल्ली पुलिसकर्मी से शिकायत की, तो उन्हें मदद नहीं मिली। हालांकि, इस पूरे घटनाक्रम की स्वतंत्र पुष्टि जरूरी है।
इसी बीच वहां मौजूद दो-तीन अन्य लड़कों ने विदेशी महिलाओं को परेशान होते देखा और उनसे पूछा कि आखिर क्या हुआ है? जब लड़कियों ने अपनी परेशानी बताई, तो उन युवकों ने कथित तौर पर छेड़छाड़ करने वाले लड़कों को जमकर फटकार लगाई। इसके बाद वे वहां से चले गए और दोनों विदेशी लड़कियों ने राहत की सांस ली।
यह घटना कई अहम सवाल खड़े करती है। अगर कोई महिला या विदेशी पर्यटक सार्वजनिक जगह पर खुद को असुरक्षित महसूस करता है, तो उसकी मदद करना किसकी जिम्मेदारी है? क्या महिलाओं के साथ बदतमीजी को देखकर चुप रहना सही है? और अगर कोई पुलिसकर्मी शिकायत को नजरअंदाज करता है, तो जवाबदेही किसकी होनी चाहिए?
विदेश से भारत घूमने आने वाले मेहमानों के लिए हमारा व्यवहार देश की छवि का हिस्सा बनता है। किसी महिला के कपड़ों, शरीर या फिगर पर अश्लील टिप्पणी करना मजाक नहीं, बल्कि उसकी गरिमा का अपमान है। वहीं, ऐसी स्थिति में पीड़ित की मदद करना और जरूरत पड़ने पर पुलिस तक शिकायत पहुंचाना हर जिम्मेदार नागरिक का कर्तव्य है।

