Viral Video: बेंगलुरु के गरबा आयोजन में भेदभाव का आरोप, ₹300 का पास फाड़कर युवती ने जताई नाराजगी
कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु के गुजराती स्कूल में आयोजित गरबा कार्यक्रम से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है। वायरल वीडियो में एक युवती पास दिखाते हुए नाराजगी जाहिर करती नजर आती है। दावा किया जा रहा है कि गैर-गुजराती लोगों के साथ कार्यक्रम में भेदभाव किया गया, जिसके बाद युवती ने अपना पास फाड़ दिया।
₹300 का पास लेकर पहुंची थी युवती
वीडियो में युवती कथित तौर पर कहती है कि यह गुजराती समाज के गरबा कार्यक्रम का पास है, जिसे बनवाने के लिए उसने 300 रुपये खर्च किए थे। उसका आरोप है कि वह हर साल इस आयोजन में शामिल होती रही है, लेकिन इस बार उसके साथ उचित व्यवहार नहीं किया गया।
गरबा और डांडिया खेलने को लेकर विवाद
यह घटना गुजराती स्कूल, बेंगलुरु की है l
— Vishal M. Yadav (@VishalMYadav_) October 20, 2026
एक लड़की पास दिखाते हुए कह रही है, ये हमारा गुजराती समाज का गरबे का पास है,
जिसकी कोई वैल्यू नहीं है, जबकि इन्होंने 300 रुपए मे बनवाया था,
फिर लड़की उस गरबे के पास को फाड़ देती है, क्योंकि उसके साथ सही नहीं हुआ,
वो कह रही है, हर साल… pic.twitter.com/3SDOomkWqM
सोशल मीडिया पर साझा किए जा रहे दावे के मुताबिक, कार्यक्रम में केवल गुजराती लोगों को डांडिया खेलने और वीडियो बनाने की अनुमति दी जा रही थी, जबकि गैर-गुजराती लोगों को ऐसा करने से रोका गया। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और आयोजकों का पक्ष भी सामने आना जरूरी है।
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों के बीच बहस शुरू हो गई है। कुछ यूजर्स का कहना है कि अगर किसी कार्यक्रम में प्रवेश के लिए पैसे लिए जाते हैं, तो नियम और प्रतिबंध पहले से स्पष्ट होने चाहिए। वहीं, क्षेत्रीय पहचान के आधार पर भेदभाव किए जाने के आरोपों पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं।
फिलहाल, इस मामले में वायरल वीडियो और युवती के आरोपों के आधार पर ही चर्चा हो रही है। वास्तविक स्थिति स्पष्ट होने के लिए आयोजनकर्ताओं की प्रतिक्रिया और घटना से जुड़ी पूरी जानकारी सामने आना जरूरी है।

