दो सिर और आठ पैरों वाला बछड़ा पैदा होने से मची सनसनी, 5 घंटे चली सर्जरी; डॉक्टरों ने बताई वजह
एक बेहद दुर्लभ पशु-जन्म का मामला सामने आया है, जहां दो सिर और आठ पैरों वाला बछड़ा पैदा हुआ। बछड़े को देखकर पशुपालक और आसपास के लोग हैरान रह गए। जन्म के बाद उसकी हालत को देखते हुए पशु चिकित्सकों की टीम ने करीब पांच घंटे तक सर्जरी की। डॉक्टरों के मुताबिक, यह जन्मजात विकृति के बेहद दुर्लभ मामलों में से एक है।
जन्म के समय दिखी असामान्य संरचना
रिपोर्ट के अनुसार, बछड़ा जन्म से ही सामान्य नहीं था। उसके शरीर में दो सिर और चार जोड़ी पैर दिखाई दे रहे थे। ऐसी स्थिति देखकर पशुपालक ने तुरंत पशु चिकित्सकों से संपर्क किया।
डॉक्टरों ने जांच के बाद पाया कि बछड़े के शरीर में भ्रूण के विकास से जुड़ी गंभीर जन्मजात असामान्यता है। इसके बाद उसकी स्थिति को देखते हुए ऑपरेशन करने का फैसला लिया गया।
पांच घंटे तक चली सर्जरी
पशु चिकित्सकों की टीम ने बछड़े की करीब पांच घंटे तक सर्जरी की। ऑपरेशन के दौरान शरीर से जुड़े अतिरिक्त अंगों को अलग करने और बछड़े की स्थिति को स्थिर करने की कोशिश की गई।
इतने जटिल ऑपरेशन में डॉक्टरों को काफी सावधानी बरतनी पड़ी, क्योंकि शरीर की संरचना सामान्य बछड़े से पूरी तरह अलग थी। सर्जरी के बाद चिकित्सकों ने उसकी निगरानी शुरू की।
डॉक्टरों ने बताई जन्म की वजह
विशेषज्ञों के अनुसार, इस तरह की स्थिति आमतौर पर भ्रूण के शुरुआती विकास के दौरान होने वाली असामान्यता की वजह से होती है। कई बार एक ही गर्भ में विकसित हो रहे जुड़वां भ्रूण पूरी तरह अलग नहीं हो पाते और उनके शरीर के कुछ हिस्से आपस में जुड़े रह जाते हैं।
इसे वैज्ञानिक भाषा में कंजॉइंड ट्विन्स यानी जुड़े हुए जुड़वां भ्रूण से जुड़ी स्थिति माना जा सकता है। हालांकि, दो सिर और अतिरिक्त पैरों जैसी संरचना कई अलग-अलग विकास संबंधी विकृतियों के कारण भी हो सकती है। किसी खास मामले की सटीक वजह जांच के बाद ही बताई जा सकती है।
बेहद दुर्लभ माना जाता है ऐसा मामला
पशुओं में जन्मजात विकृतियां कभी-कभार देखने को मिलती हैं, लेकिन दो सिर और आठ पैरों वाला बछड़ा बेहद असामान्य स्थिति है। ऐसे मामलों में भ्रूण के अंगों और आंतरिक संरचनाओं का विकास सामान्य तरीके से नहीं हो पाता।
इस तरह के जन्म के पीछे आनुवंशिक कारण, भ्रूण के विकास में गड़बड़ी या अन्य जैविक कारक हो सकते हैं। हालांकि हर मामले में एक ही कारण जिम्मेदार हो, यह जरूरी नहीं है।
लोगों के बीच बना कौतूहल
असामान्य रूप से जन्मे बछड़े की खबर फैलने के बाद उसे देखने के लिए लोगों की भीड़ जुटने की बात सामने आई है। सोशल मीडिया पर भी इसकी तस्वीरें और वीडियो चर्चा में हैं।
हालांकि, पशु चिकित्सकों का कहना है कि ऐसे मामलों में कौतूहल से ज्यादा जरूरी पशु की चिकित्सा और देखभाल है।
दो सिर और आठ पैरों वाले इस बछड़े का मामला बेहद दुर्लभ है। पांच घंटे की सर्जरी के बाद डॉक्टर उसकी स्थिति पर नजर रख रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसी जन्मजात असामान्यता भ्रूण के विकास के दौरान होने वाली जटिल गड़बड़ी से जुड़ी हो सकती है।

