MP Road Accident Report: मध्य प्रदेश में एक साल में 1 लाख से ज्यादा सड़क हादसे, 61% शिकार 16 से 30 साल के युवा
मध्य प्रदेश में सड़क दुर्घटनाओं के बढ़ते आंकड़े चिंता का विषय बनते जा रहे हैं। डायल-108 एंबुलेंस सेवा की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, प्रदेश में पिछले एक वर्ष के दौरान 1,03,294 सड़क हादसे दर्ज किए गए। रिपोर्ट में सबसे चिंताजनक तथ्य यह सामने आया है कि दुर्घटनाओं का सबसे ज्यादा शिकार 16 से 30 वर्ष आयु वर्ग के युवा हुए हैं।
आंकड़ों के मुताबिक, सड़क हादसों में घायल या प्रभावित होने वालों में करीब 61 प्रतिशत हिस्सेदारी युवाओं की रही। यह स्थिति सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है।
विशेषज्ञों का मानना है कि तेज रफ्तार, लापरवाही से वाहन चलाना, हेलमेट और सीट बेल्ट का इस्तेमाल न करना, मोबाइल फोन पर बात करते हुए ड्राइविंग करना तथा यातायात नियमों की अनदेखी दुर्घटनाओं के प्रमुख कारण हैं। युवा वर्ग में इन कारणों की वजह से हादसों का जोखिम अधिक देखा जा रहा है।
रिपोर्ट के अनुसार, डायल-108 एंबुलेंस सेवा ने दुर्घटना पीड़ितों को समय पर चिकित्सा सहायता पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कई मामलों में त्वरित इलाज मिलने से लोगों की जान भी बचाई जा सकी।
सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि हादसों की संख्या कम करने के लिए जागरूकता अभियान चलाने, यातायात नियमों का सख्ती से पालन कराने और युवाओं को सुरक्षित ड्राइविंग के प्रति प्रेरित करने की जरूरत है। साथ ही खराब सड़कें, ब्लैक स्पॉट और ट्रैफिक प्रबंधन की कमियों को भी दूर करना आवश्यक है।
प्रदेश में लगातार बढ़ रहे सड़क हादसों के आंकड़े प्रशासन और आम लोगों दोनों के लिए चेतावनी हैं। यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो आने वाले वर्षों में यह समस्या और गंभीर रूप ले सकती है। ऐसे में सड़क सुरक्षा को लेकर सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता महसूस की जा रही है।

