सिर्फ 60 सेकंड की देरी और हाथ से निकल गई नौकरी! सोशल मीडिया पर वायरल हुआ सबसे अजीब जॉब रिजेक्शन
नौकरी के इंटरव्यू में समय पर पहुंचना जरूरी माना जाता है। उम्मीदवार भी आमतौर पर कोशिश करते हैं कि इंटरव्यू शुरू होने से कुछ मिनट पहले ही ऑफिस या तय जगह पर पहुंच जाएं। लेकिन अगर कोई उम्मीदवार सिर्फ 60 सेकंड देर से पहुंचे और उसे इंटरव्यू दिए बिना ही वापस भेज दिया जाए तो? सोशल मीडिया पर सामने आई एक ऐसी ही घटना ने नौकरी और वर्क कल्चर को लेकर बहस छेड़ दी है।
वायरल पोस्ट के मुताबिक, एक उम्मीदवार ने नौकरी के इंटरव्यू के लिए करीब 40 मिनट का सफर तय किया था। इंटरव्यू का समय दोपहर 1 बजे निर्धारित था। उम्मीदवार तय समय पर ऑफिस पहुंच गया, लेकिन जब वह दरवाजे तक पहुंचा और अंदर जाने वाला था, तभी इंटरव्यू लेने वाले व्यक्ति ने उसे रोक दिया।
इंटरव्यू लेने वाले ने अपने फोन की तरफ इशारा करते हुए कहा कि समय 1 बजकर 1 मिनट हो चुका है और उम्मीदवार देर से आया है। इसके बाद कथित तौर पर उसे बताया गया कि कंपनी देर से आने वाले उम्मीदवारों का इंटरव्यू नहीं करती। नतीजा यह हुआ कि उम्मीदवार को बिना इंटरव्यू दिए ही वापस लौटना पड़ा।
सबसे हैरान करने वाली बात यह थी कि देरी सिर्फ एक मिनट की थी। उम्मीदवार का कहना था कि वह इंटरव्यू की जगह पर पहुंच चुका था और दरवाजे तक आ गया था। इसके बावजूद एक मिनट की देरी को आधार बनाकर उसे मौका नहीं दिया गया।
घटना सामने आने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स दो हिस्सों में बंट गए। कुछ लोगों ने कंपनी के सख्त नियम का समर्थन किया। उनका कहना था कि नौकरी के इंटरव्यू में समय की पाबंदी उम्मीदवार की गंभीरता और प्रोफेशनल रवैये को दिखाती है। अगर शुरुआत में ही कोई व्यक्ति समय का ध्यान नहीं रखता तो कंपनी भविष्य में उसके व्यवहार को लेकर सवाल उठा सकती है।
वहीं बड़ी संख्या में लोगों ने इस तरह के सख्त रवैये पर सवाल उठाए। उनका कहना था कि एक मिनट की देरी के कारण किसी उम्मीदवार की योग्यता और अनुभव को नजरअंदाज करना उचित नहीं है। खासकर तब, जब उम्मीदवार इंटरव्यू की जगह पर पहुंच चुका हो।
सोशल मीडिया पर लोगों ने यह सवाल भी उठाया कि क्या कंपनियों को समय की पाबंदी और मानवीय परिस्थितियों के बीच संतुलन नहीं रखना चाहिए। ट्रैफिक, लिफ्ट, सिक्योरिटी चेक या बिल्डिंग के प्रवेश जैसी छोटी परिस्थितियों के कारण कुछ सेकंड या एक-दो मिनट की देरी हो सकती है।
हालांकि, दूसरी ओर भर्ती से जुड़े कुछ पेशेवरों का मानना है कि कुछ कंपनियां जानबूझकर बेहद सख्त समय नियम रखती हैं। उनका तर्क है कि इंटरव्यू उम्मीदवार के लिए पहला प्रोफेशनल टेस्ट होता है और समय पर पहुंचना उसी का हिस्सा है।
फिलहाल यह मामला सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। एक मिनट की देरी पर इंटरव्यू से बाहर किए जाने की इस घटना ने नौकरी तलाश रहे लोगों के सामने एक सवाल जरूर खड़ा कर दिया है—क्या 60 सेकंड की देरी किसी उम्मीदवार की पूरी क्षमता पर भारी पड़नी चाहिए?

