यहां लिफ्ट देने के बहाने लड़कियां करती हैं लड़कों का रेप, इसके बाद उनका स्पर्म निकालकर..
रेप शब्द सुनते ही दिल दहल उठता है और रूह तक कांप जाती है। आमतौर पर जब भी रेप की खबरें आती हैं, तो पीड़ित के रूप में लड़कियों का ही नाम सामने आता है। लेकिन क्या कभी आपने सोचा है कि एक लड़की भी किसी लड़के का बलात्कार कर सकती है? सुनने में अजीब जरूर लगता है, लेकिन यह सच्चाई है। दुनिया में एक ऐसी जगह है जहां लड़कियां लड़कों को ढूंढ-ढूंढ कर उनका रेप करती हैं और बेखौफ होकर घूमती हैं।
यह चौंकाने वाली जगह है अफ्रीकी देश जिम्बाब्वे। खासतौर पर जिम्बाब्वे के बुआवयो शहर में इस तरह की घटनाएं बहुत तेजी से सामने आ रही हैं। यहां लड़कियों का खौफ इतना है कि लड़के अपनी इज्जत बचाने के लिए लड़कियों के सामने मिन्नतें करते नजर आते हैं। लड़कियां ग्रुप बनाकर घात लगाए बैठती हैं और मौके का इंतजार करती हैं।
कैसे अंजाम देती हैं वारदात?
इन लड़कियों का तरीका बेहद शातिराना होता है। वे सड़क किनारे लिफ्ट मांगने का बहाना बनाकर लड़कों को अपनी गाड़ी में बिठा लेती हैं। फिर सुनसान इलाकों में ले जाकर पहले तो लड़कों के कपड़े फाड़ती हैं, फिर जबरन उनके साथ शारीरिक संबंध बनाती हैं। सबसे हैरानी की बात यह है कि वे केवल रेप नहीं करतीं, बल्कि बाद में पीड़ित लड़कों का स्पर्म एक डिब्बे में इकट्ठा करके भी ले जाती हैं।
यहां लड़कियां इस घिनौने अपराध के बाद बेखौफ होकर घूमती हैं और पुलिस भी कई बार इन घटनाओं को रोकने में नाकाम रही है। जिम्बाब्वे में पुरुषों के साथ हो रहे इस अत्याचार ने एक गंभीर सामाजिक समस्या का रूप ले लिया है।
‘जूजू’ प्रथा का गहरा असर
इन घटनाओं के पीछे एक पुरानी और अंधविश्वासी प्रथा को जिम्मेदार ठहराया जाता है, जिसका नाम है ‘जूजू’। इस प्रथा के अनुसार, अगर कोई महिला किसी पुरुष का स्पर्म प्राप्त कर लेती है और उसे अपने पास रखती है, तो उसकी किस्मत चमक जाती है। ऐसा माना जाता है कि स्पर्म से व्यापार में उन्नति होती है, स्वास्थ्य बेहतर रहता है और धन-संपत्ति बढ़ती है।
यही वजह है कि कुछ महिलाएं अंधविश्वास में अंधी होकर इस तरह के अपराध को अंजाम दे रही हैं। जूजू की इस कुप्रथा ने जिम्बाब्वे के कई पुरुषों की जिंदगी को डर और सदमे से भर दिया है।
पुलिस के सामने भी चुनौती
कुछ समय पहले जिम्बाब्वे पुलिस ने तीन महिलाओं की तलाश शुरू की थी, जिन पर एक युवक को हाईवे से अगवा कर पीटने, जबरन संबंध बनाने और फिर उसका स्पर्म चुराने का आरोप लगा था। पीड़ित लड़के ने बताया कि लाख मिन्नतें करने के बावजूद भी लड़कियों ने उस पर दया नहीं दिखाई।
पुलिस का कहना है कि इस तरह की घटनाएं अब सामान्य होती जा रही हैं। लड़कियों के गिरोह हाईवे पर, सुनसान इलाकों में या यहां तक कि बस स्टॉप्स पर भी घात लगाए रहते हैं। लड़कों को जबरन उठा लिया जाता है और फिर उनके साथ अमानवीय बर्ताव किया जाता है।
बढ़ती घटनाएं और गहराता संकट
पिछले कुछ वर्षों में जिम्बाब्वे में पुरुषों के साथ रेप और स्पर्म चोरी की घटनाओं में लगातार वृद्धि देखी गई है। पुलिस और समाजसेवी संगठनों ने मिलकर कई प्रयास किए हैं, लेकिन अब भी इन घटनाओं पर पूरी तरह से लगाम नहीं लगाई जा सकी है।
यहां लड़कियां न सिर्फ अपनी ‘लकी चार्म’ को बरकरार रखने के लिए इस अपराध को अंजाम देती हैं, बल्कि अब यह एक संगठित अपराध जैसा स्वरूप ले चुका है।
निष्कर्ष
जिम्बाब्वे का यह सच दुनिया के सामने उस कठोर सच्चाई को उजागर करता है कि रेप कोई एकतरफा अपराध नहीं है। यहां लड़कों के साथ हो रहे अत्याचार यह दिखाते हैं कि लैंगिक अपराधों की पीड़ा सिर्फ महिलाओं तक सीमित नहीं है। इस सामाजिक बुराई से निपटने के लिए जिम्बाब्वे सरकार और समाज को मिलकर कड़े कदम उठाने की जरूरत है, ताकि हर व्यक्ति को सुरक्षित जीवन जीने का अधिकार मिल सके।

