9 महीने की प्रेग्नेंट महिला और बैंक का लंच ब्रेक—सोशल मीडिया पर क्यों उठ रहे सवाल?
एक तरफ 9 महीने की गर्भवती महिला अपनी जरूरी बैंकिंग का काम करवाने के लिए कैनरा बैंक पहुंचती है, तो दूसरी तरफ बैंक कर्मचारियों की ऐसी लापरवाही सामने आती है, जिसने लोगों को हैरान कर दिया।बताया जा रहा है कि महिला ने बैंक में अपना फॉर्म भरकर कर्मचारियों को सौंप दिया, ताकि उसका जरूरी काम पूरा हो सके। लेकिन काम करने के बजाय बैंक के कर्मचारी लंच के लिए चले गए।
नौ महीने की प्रेग्नेंट महिला इमरजेंसी में केनरा बैंक आई थी अपना बैंक में काम करवाने।
— Ishita (@ishita_9529) October 30, 2026
लेकिन जैसे ही महिला अपना काम करवाने के लिए फॉर्म भरके इनके पास देती है वैसे ये काम नहीं करते डायरेक्ट लंच करने चले जाते है।
एक दो स्टॉफ नहीं बैंक के सारे स्टाफ एक साथ लंच...1/2 pic.twitter.com/9N6vRKD96T
हैरानी की बात यह है कि एक-दो कर्मचारी नहीं, बल्कि पूरा स्टाफ एक साथ लंच पर चला गया। ऐसे में सवाल उठता है कि अगर किसी ग्राहक को आपात स्थिति में बैंकिंग सेवा की जरूरत हो, तो उसकी मदद कौन करेगा?नौ महीने की गर्भवती महिला को इस समय अतिरिक्त देखभाल और सुविधा की जरूरत होती है। ऐसे में बैंक कर्मचारियों का एक साथ चले जाना व्यवस्था और ग्राहक सेवा पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

