भोपाल से लेकर दिल्ली तक एक ही सवाल है कि मध्य प्रदेश का मुख्यमंत्री कौन होगा। क्योंकि इस बार रेस में आधा दर्जने नेताओं के नाम रेस में हैं। एक नाम सुमेर सिंह सोलंकी का भी है।
आबादी सुमेर सिंह सोलंकी की पहचान एक आदिवासी नेता के तौर पर है। इस बार आदिवासियों बेल्ट से भाजपा 24 जीती है। साथ ही मध्यप्रदेश में 21 फीसदी आदिवासी आबादी है।
सुमेर सिंह सोलंकी अभी मध्य प्रदेश कोटे से राज्यसभा सांसद हैं। सोलंकी पीएम मोदी और अमित शाह का काफी करीबी माना जाता है। वह दोनों के चहेते नेता हं।
सोलंकी सुमेर सिंह एक युवा नेता हैं वो कॉलेज में इतिहास के प्रोफेसर रहे हैं। पीएम के आलवा वो संघ परिवार के भी भरोसेमंद और चहेते हैं।
लो प्रोफाइल नेता हैं वह चर्चा में रहने से ज्यादा काम करते हैं। ऐसे इकलौते आदिवासी चेहरे के तौर पर पहचान है, जो दूसरे वर्गों में भी स्वीकार्य हैं।
सुमेर लो प्रोफाइल नेता हैं वह चर्चा में रहने से ज्यादा काम करते हैं। ऐसे इकलौते आदिवासी चेहरे के तौर पर पहचान है, जो दूसरे वर्गों में भी स्वीकार्य हैं।
राज्यसभा सांसद के रूप में अपनी प्राथमिकताएं बताते हुए श्री सोलंकी ने कहा कि मुझे संगठन के राष्ट्र और समाजहित के उद्देश्यों की पूर्ति के लिए काम करना है।
भारत सरकार की सभी योजनाओं और कामों को धरातल तक ले जाना मेरी प्राथमिकता होगी।