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Noida  डेटिंग ऐप के जरिये दोस्ती कर युवक से वसूली की

Manali विभाग जल्द ही डिफाल्टर पेंशनधारकों से वसूली करेगा

उत्तरप्रदेश न्यूज़ डेस्क  डेटिंग ऐप के जरिये युवक से दोस्ती कर क्लब ले जाकर उससे वसूली करने का मामला सामने आया है. रकम नहीं देने पर मारपीट भी की गई. आरोप है कि क्लब संचालक के साथ मिलीभगत कर युवती वारदात की.

पुलिस के अनुसार युवक राजनगर एक्सटेंशन में रहता है. युवक का कहना है कि युवती ने बातचीत कर उन्हें राजनगर मिलने के लिए बुलाया. फिर युवती उन्हें एक क्लब ले गई. वहां उन्होंने ऑर्डर नहीं किया. इसके बावजूद वेटर ने उनकी मेज पर बीयर और अन्य सामान लाकर रख दिया. कुछ देर बाद थोड़े से सामान का 37 हजार रुपये का बिल लाकर दे दिया. बिल देखकर उसके होश उड़ गए. उसने इतने रुपये नहीं होने की बात कही तो क्लब स्टाफ, बाउंसर और अन्य लोगों ने उनके साथ मारपीट की. फिर उन्होंने अपने दोस्त से दस हजार रुपये क्लब संचालक को पेटीएम कराए और पांच हजार रुपये नकद दिए. इसके बाद वह वहां से जान बचाकर भागे.

इसी बीच मौका देखकर युवती वहां से फरार हो गई. आरोप है कि यह लोग गिरोह बनाकर इसी तरह से लोगों के साथ धोखाधड़ी कर रहे हैं. एसीपी कविनगर अभिषेक श्रीवास्तव का कहना है कि पीड़ित की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है. जांच के आधार पर क्लब मालिक मोहित, प्रबंधक गौरव और बाउंसर विश्वास के खिलाफ शांतिभंग की धारा में कार्रवाई की है.

 

बिना फिटनेस चल रहे स्कूल वाहन सीज होंगे

जिलाधिकारी ने  महात्मा गांधी सभागार कलेक्ट्रेट में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक की. इसमें उन्होंने बिना फिटनेस चलने वाले स्कूली वाहनों को सीज करने के निर्देश दिए. साथ ही सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के निर्देश दिए.

जिलाधिकारी इन्द्र विक्रम सिंह की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में समिति के सदस्यों ने इस साल मई माह की रिपोर्ट पेश की. जिलाधिकारी ने रिपोर्ट में पाया कि मई माह में गत वर्ष के मई माह से ज्यादा दुर्घटना, घायल और ज्यादा लोगों की मृत्यु हुई है. जिलाधिकारी ने इस पर नाराजगी जताई. साथ ही अधिकारियों को सड़क दुर्घटनाओं को रोकने या कम करने के हर सम्भव प्रयास करने के लिए कहा. जिलाधिकारी ने पिछली रिपोर्ट में देखा कि संबंधित अधिकारियों द्वारा कार्य पूरा करने के लिए 15 दिन का समय लिया गया. मगर एक माह बाद भी उनके द्वारा कार्य पूरे नहीं किए गए. इस पर अधिकारियों ने जिलाधिकारी से कार्य पूरा कराने के लिए 15 दिन का समय लिया. बैठक में जिलाधिकारी ने स्कूल वाहनों के संबंध में कड़े निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि जिन वाहनों के फिटनेस नहीं हैं उन्हें सीज किया जाए. सभी स्कूल वाहनों की जांच की जाए कि कहीं उनमें मानक के अनुसार कोई कमी तो नहीं है.

 

नोएडा न्यूज़ डेस्क

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